Chota Kavi



सावन में शिवशंकर की पूजा :- सावन के महीने में भगवान शंकर की विशेष रूप सेपूजा की जाती है। इस दौरान पूजन की शुरूआत महादेव के अभिषेक के साथ की जाती है। अभिषेक में महादेव को जल, दूध, दही, घी, शक्कर, शहद, गंगाजल, गन्नारस आदि से स्नान कराया जाता है। अभिषेक के बाद बेलपत्र, समीपत्र, दूब, कुशा, कमल, नीलकमल, ऑक मदार, जंवाफूल कनेर, राई फूल आदि से शिवजी को प्रसन्नकिया जाता है। इसके साथ की भोग के रूप में धतूरा, भाँग और श्रीफल महादेव को चढ़ाया जाता है।
नमामि महाकालेश्वर (कालो के काल)
नमामि पार्वतीपति
नमामि गजाननपिता
नमामि त्रिपुरारी
नमामि भयानकरूपा
नमामि चन्द्रधारी
नमामि गंगाधारी
नमामि डमरूधारी
नमामि नागधारी
नमामि त्रिशूलधारी
नमामि सत्यरूपा
नमामि अनंतरूपा
नमामि शक्तिरूपा
नमामि गौरीनाथा
नमामि शम्भुमोरारी
नमामि जन्मदाता
नमामि पालनकर्ता
नमामि मोक्षदाता
सारी दुनिया डरती हे तेरे नटराजरूप सेतुजे सत सत कोटि वंदन
में दास तेरा तेरे चरणों में मेरा शीशवंदन हर हर महादेव